भोजपुरी मेँ सामाजिक समरसता आ आज के जातिवादी सोच-एगो साँच घटना
बात हमरा रिविलगंज थाना से जुड़ल बा,जवन सरयू नदी के किनरवाहीँ पर बा।
12 बरिस पहिले बधार के लईकी सऽ,जवनc"करमा-धरमा" के व्रत(भाई-बहिन के व्रत हऽ)...
भोजपुरी कहानी: सखी
खेदारू के बिआह फूला संघे बड़ी धूमधाम से भइल। बिदाई के बेरा फूला के माई-बाप, भाई-भउजाई, चाचा-चाची सभे उदास रहे। फूला के सखी चमेलियो...
भोजपुरी लोक संस्कृति: संतोष पटेल
भोजपुरी लोक संस्कृति का क्षेत्र विस्तृत है – बिहार में सारन (छपरा), सीवान, गोपालगंज , भोजपुर (आरा), रोहतास (सासाराम), पूर्वी चंपारण (मोतिहारी), पश्चिम चंपारण...
भोजपुरी कविता: पटरी ना खाई
डॉ जीतराम पाठक जी के एगो कविता
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पटरी ना खाई
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अरुआइल बा बात तहार, हटाव फरका,
ले अइब एने अब त पटरी ना खाई
चूरी-...
भोजपुरी में आलोचना – समालोचन: समीक्षा
भोजपुरी विद्वान सिपाही सिंह श्रीमंत जी आपन आलेख जवन अहेरी पत्रिका, 1977 में आलोचना-समालोचना -समीक्षा नाम से लिखनी ओह में उहाँ के लिखत,...
भोजपुरी ग़ज़ल: जमाना के आंधी
भोजपुरी के श्लाकापुरुष पाण्डेय कपिल जी के एगो ग़ज़ल 1977 ई में आईल रहे -
जमाना के आंधी केतना प्रासंगिक बा रउरो देखीं ----
जेने देखि...
हीरा डोम: यथार्थ या मिथक
हीरा डोम की एकमात्रा उपलब्ध कविता भोजपुरी में है। ‘अछूत की शिकायत’ में हीरा डोम ने दलित जीवन के दुख, अवसाद और पीड़ा को...
अक्षय नवमी के कथा : शशि रंजन मिश्रा
परनाम ! स्वागत बा राउर जोगीरा डॉट कॉम प, रउवा सब के सोझा बा शशि रंजन मिश्रा जी के लिखल आलेख अक्षय नवमी के...
बोली से भोजपुरी भाषा कब बनेगी? : मधुप श्रीवास्तव
सबसे पहले विश्व भोजपुरी दिवस की हार्दिक शुभकामना।
हिंदी के बाद सबसे ज्यादा बोली जाने वाली भोजपुरी बोली मीठी जुबान की वजह से या गरीब...
भोजपुरी भाषा
भोजपुरी बाहुते सुंदर, सरस, तथा मधुर भाषा ह। भोजपुरी भाषा के नामकरण बिहार के आरा जिला के भोजपुर गाँव के नाम पर भइल बा।...
अब ना करे मोर मनवा करे के मजूरी
जनकवि दुर्गेन्द्र अकारी के एगो कविता
अब ना करे मोर मनवा करे के मजूरी
भोरे जमींदरवा दरवा पियादा पेठावे
कान्ह्वा प हरवा कुदारी चढ़ावे
कतनो खटीला,...
भोजपुरी लघुकथा “पोसपूत”
लाल बाज़ार के बड़का कूड़ाघर के लगे मेहरारुन के भीड़ लागल रहे, कूड़ा में फेंकल एगो जियत बच्चा के देखे ला. जवन रोअत रहे....
भगवती प्रसाद द्धिवेदी जी के एगो भोजपुरी ग़ज़ल
हिय में उठत जुआर, प्यार के ग़ज़ल कहीं
मउसम बा बटमार, प्यार के ग़ज़ल कहीं
पियत दूध बछरू के जब गैया चाटे
तिरपित होत निहार, प्यार के...
पकडुआ बिआह
"राजा तोहरा रास्ता से हट जाएब, गाडी के निचे जा के कट जाएब "- चिठ्ठी के पहिले लाइन में इहे लिखल रहे. संजय चिठ्ठी...
भोजपुरी लघु कथा “बयान”
कहवां पोस्टिंग बा तोहार - जाँच अधिकारी ताराचचंद से तनी कडियल आवाज में पुछ्लें
चिल्ड्रेन वार्ड में - तारा चंद नेवरे होखत बोललें.
तोहरा के...
झूरी काका…
गांव में खबर फइलल 'झूरी काका मू गइलन' जे सुने ऊ एक बेर ठक हो जाव. जइसे बिच्छी के जहर चढ़ेला ओही तरे ई...
मछरी
ताल के पानी में गोड़ लटका के कुंती ढेर देर से बइठल रहे. गोड़ के अंगुरिन में पानी के लहर रेसम के डोरा लेखा...
जब एगो भोजपुरी अनुवादक राखल गईल
ह त इ साँचो में भईल, ह्रदय रोग के एगो नामी गिरामी डॉक्टर साहेब रिटायर्ड भईला के बाद बेतिया में आपन क्लिनिकल खोलले, डॉक्टर...
करिया कोट
ई संजोगे रहे कि ओह दिने दिदिया कचहरी के राहे केनियो जात रही, कि अचानके थथम गइली आ लगली सोंचे. आपन आंखि के...
छरमतिया
बड़की-बड़की आंख. धनुख लेखा तनल-तनल भौं. सुग्गा नियन उठल नाक. करिया-करिया घुंघुरूआ केस. मजगर सेनुर से भरल मांग. लिलार प सेनुरे के बड़ लाल...




















